कभी तन्हाइयो में कोई
बिखरा तो होगा।
कभी टूट के संभला
तो होगा।
जिन्दगी दर्द की कहानी
ही सही।
मेरे आलावा भी इस
राह पर कोई
चला तो होगा।
सूना है इश्क में खुमारी
है ।
बेशक कोई चिराग
जला तो होगा।
बहुत उड़ते है
पतिंगे चिरागों के
आस पास
क्या आज फिर कोई
परवाना फना तो
होगा।।।।
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